NEW ARRIVALS

New book titles available in the shop

Checkout Now!

new books banner

नेशनल ब्लाइंड -R-4- किशन गांगुली हुए सबसे आगे

06/02/2018 -

चार राउंड की समाप्ती पर नेशनल ब्लाइंड शतरंज चैंपियनशिप में कर्नाटक के चार बार के राष्ट्रीय विजेता किशन गांगुली नें लगातार अपनी चौथी जीत दर्ज करते हुए एकल बढ़त हासिल कर ली है और फिलहाल वह अपने पांचवे खिताब की ओर बढ़ते नजर आ रहे है । खैर इन सबके बीच यह टूर्नामेंट मानवता , सहृदयता और सदभावना की मिशाल बनकर उभरा है जब मुसीबत की घड़ी में भारत के शतरंज प्रेमियों और खिलाड़ियों नें मिलकर इस प्रतियोगिता के आयोजन में प्रायोजक की भूमिका निभाई है । चेसबेस इंडिया नें पहली बार आयोजन को विश्व स्तरीय बनाते हुए मैच का सीधा प्रसारण सुनिश्चित किया है । खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाने के इंटरनेशनल मास्टर सागर शाह और पूर्व राष्ट्रीय आयु वर्ग विजेता अमृता मोकल हर समय वहाँ मौजूद है और कल तो उन्होने अपने विवाह की वर्षगांठ भी इन खिलाड़ियों के बीच बनाने का फैसला किया । आपके सहयोग की राशि अब लगभग लक्ष्य के नजदीक है आपके अमूल्य योगदान के लिए अब सभी आपके आभारी है । 

NEW LAUNCH

CHESSBASE '26 + MEGA DATABASE '26

The industry standard new combo is here to help you uplift your Chess!

ChessBase '26 + MEGA DATABASE '26 Shop Now

नेशनल ब्लाइंड -किशन और आर्यन को सयुंक्त बढ़त

05/02/2018 -

दुनिया भर के शतरंज प्रेमियों की मदद से आखिरकार भारतीय नेशनल ब्लाइंड शतरंज चैंपियनशिप नें अपने पहले तीन राउंड के सम्पन्न होते ही रफ्तार पकड़ ली है कर्नाटक के चार बार के चैम्पियन किशन गांगुली और महाराष्ट्र के आर्यन जोशी नें अपने पहले तीन मैच जीतकर बढ़त बना ली है । और देखा जाए तो यह किसी भी समांन्य शतरंज प्रतियोगिता से कई गुना कठिन प्रतियोगिता है क्यूंकी खेलने वाले खिलाडी 75% से 100% तक देख नहीं सकते , उनके लिए सही चाल चलना ,सोचना और एक योजनाबद्ध तरीके से खेलना तो फिर काफी बड़ी बात है । इन सबके अलावा चाहे ब्लाइंड संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष चारुदत्त हो , मुख्य निर्णायक मंजूनाथ हो या अन्य कोई अभिभावक उनका सहयोग और जज्बा एक बड़ी बात है । अभी भी हम कुल प्रयोजक राशि से थोड़ा दूरी पर है और अभी सभी से अभी भी सहयोग की उम्मीद है । 

12 खिलाड़ी बने नेशनल स्कूल चैम्पियन !

01/02/2018 -

24 राज्यो के 712 खिलाड़ी  के बीच पाँच दिनों से भुवनेशवर के किट विश्वविद्यालय में चल रही 7वी नेशनल स्कूल शतरंज चैंपियनशिप का आज सफलता पूर्वक समापन हो गया । तमिलनाडू तेलांगना से लेकर जम्मू कश्मीर ,आसाम से लेकर मध्य प्रदेश ,गुजरात ,महाराष्ट्र ,बंगाल और दिल्ली ,उड़ीसा के खिलाड़ियों नें अपने खेल से राष्ट्रीय स्तर पर अपने प्रदर्शन का लोहा मनवाया तो यहाँ आए हर नन्हें मुन्हे खिलाड़ी नें अपनी प्रतिभा का परिचय दिया और इस मानसिक बौद्धिक खेल का आनंद उठाया । कुल 12 आयु वर्ग के 12 राष्ट्रीय स्कूल चैम्पियन सामने आए । खैर इन सबके बीच किट विश्वविद्यालय नें एक और राष्ट्रीय प्रतियोगिता का शानदार आयोजन कर सभी का दिल जीत लिया । 

7वीं नेशनल स्कूल शतरंज चैंपियनशिप :आरंभ !!

28/01/2018 -

भुवनेश्वर ,उड़ीसा किट विश्वविद्यालय में लगभग 800 खिलाड़ियों की मौजूदगी में 7वी नेशनल स्कूल शतरंज चैंपियनशिप का आगाज आज  किट विश्व विद्यालय में संस्थापक श्री अच्युता सामंत की गरिमामई मौजूदगी में सम्पन्न हुआ । अगर सही मायनों में देखे तो आप यहाँ आकर समझ सकते है की यह भारतीय शतरंज का शायद सबसे बड़ा मैच है । क्यूंकी यहाँ से आप खेल को देश भर में आसानी से पहुंचा सकते है । मैच ठीक वही हो रहा है जहां पिछले वर्ष में विश्व जूनियर शतरंज चैंपियनशिप का आयोजन किया गया था . चेसबेस इंडिया आपको लगातार इस महत्वपूर्ण आयोजन की जानकारी देता रहेगा !!

राजाराम लक्ष्मण रहे चेन्नई के राजा !

27/01/2018 -

तो आखिरकार विंटर ग्रांड मास्टर सर्किट का चौंथा और अंतिम पड़ाव चेन्नई ओपन का खिताब भारत के आरआर लक्ष्मण नें जीतकर देश के शतरंज प्रेमियों को खुशियाँ मनाने का एक मौका दे ही दिया । हालांकि अंतिम राउंड में लक्ष्मण की जीत के अलावा अमेरिकन ग्रांड मास्टर तिमुर गरेव की जीत का सहयोग भारत को मिला जब उन्होने सबसे आगे चल रहे रूस के रोजुम इवान को पराजित कर सारे समीकरण बदल दिये । खैर बाद करे शीर्ष 10 खिलाड़ियों की तो इसमें भारत का जलवा साफ देखा जा सकता है क्यूंकी इसमें 6 भारतीय खिलाड़ियों नें जगह बनाई तो इस तरह 36 दिनों तक चला भोपाल ,मुंबई ,दिल्ली होता हुआ यह भारतीय ग्रांड मास्टर उत्सव चेन्नई में सम्पन्न हो गया । 

चेन्नई ओपन - क्या रोजुम को रोकेगी लक्ष्मण रेखा !

24/01/2018 -

भारत के विंटर ग्रांड मास्टर सर्किट के चौंथे और अंतिम पड़ाव के अब बस अंतिम दो निर्णायक राउंड बाकी है और आज भारतीय नजरे लगी है बेहद प्रतिभाशाली और राष्ट्रीय ब्लिट्ज़ विजेता राजाराम लक्ष्मण के खेल पर जो आज पहले बोर्ड पर रूस के रोजूम इवान से मुक़ाबला खेलेंगे ।7 अंको पर खेल रहे  लक्ष्मण के खेलने के अंदाज और प्रतिभा को देखे तो यह संभव है की वह रोजूम को पराजित कर सकते है और अगर ऐसा हुआ तो अपने ग्र्हनगर चेन्नई में उनकी यह एक बड़ी जीत होगी और उनकी  खिताब पर पकड़  बेहद मजबूत हो जाएगी । उनके ठीक पीछे भारत के दो युवा अर्जुन एरगासी और विसाख एनआर भी 6.5 अंको पर उम्मीद जगा रहे है । देखना होगा की क्या आज रूस के रोजूम को भारत की लक्ष्मण रेखा रोक पाएगी !!

चेन्नई ओपन - क्या कोई भारतीय जीतेगा खिताब ?

22/01/2018 -

भोपाल से शुरू हुआ भारतीय ग्रांड मास्टर टूर्नामेंट की सीरीज अब अपने अंतिम पड़ाव चेन्नई ओपन में पहुँच गयी है । छह राउंड के बाद भारत के दो खिलाड़ी दीपन चक्रवर्ती और कार्तिक वेंकटरमन पूर्व विजेता और अपने खिताब का बचाव करने उतरे उक्रेन के एडम तुखेव के साथ सयुंक्त बढ़त पर चल रहे है और अब देखना होगा की क्या चेन्नई ओपन 2018 का खिताब कोई भारतीय खिलाड़ी अपने नाम कर पाता है या नहीं । खैर इन सब के बीच टॉप सीड तिमूर गरेव को चेन्नई ओपन में दो जोरदार झटके लगे जब उन्हे पहले दीपन नें तो फिर सिद्धान्त मोहापात्रा नें पराजित कर दिया । पढे लेख और अब तक हुए सारे मैच 

नाइडिश अर्कादी बने दिल्ली इंटरनेशनल के सरताज

19/01/2018 -

दिल्ली इंटरनेशनल ग्रांड मास्टर ओपन 2018  का खिताब टॉप सीड अजरबैजान के  ग्रांड मास्टर अर्कादी नाइडिश नें सात जीत और तीन ड्रॉ के साथ अपने नाम कर लिया । अंतिम दोनों राउंड में उन्होने आसान से ड्रॉ खेले ,+2700 के खिलाड़ी होने के बाद भी अपनी रेटिंग में लगभग 4 अंक जोड़े ,5 लाख रुपेय पर कब्जा जमाया और बेहद ही पेशेवर अंदाज में अपने खेल के स्तर का परिचय कराया । 44 वर्षीय जियौर रहमान की दूसरे स्थान पर जीत बांग्लादेश के शतरंज प्रेमियों के लिए एक प्रेरित होने का मौका लेकर आया तो भारत का सम्मान रखते हुए नुबेरशाह नें अद्भुत खेल दिखाते हुए ना सिर्फ तीसरा स्थान हासिल किया बल्कि आकाश अइयर के साथ ग्रांड मास्टर नार्म भी हासिल किया । अभिजीत गुप्ता लय मे नजर नहीं आए तो मुरली कार्तिकेयन और वैभव सूरी का प्रदर्शन संतोषजनक था । खैर 77,77,777 रुपेय की पुरुष्कार राशि के साथ दिल्ली ओपन नें अपने शानदार विश्व स्तरीय इंतज़ामों और मेहमान नवाजी से भी सभी का दिल दिल्ली नें जीत लिया ! पढे यह लेख 

दिल्ली ओपन - सम्मेद और रत्नाकरन का उलटफेर

11/01/2018 -

भारत जी नहीं एशिया के सबसे बड़े ओपन ग्रांड मास्टर टूर्नामेंट में शह और मात की जंग शुरू हो चुकी है और इस बार ये स्पर्धा है 77,77,777 रुपेय के पुरुष्कारों को जीतने की । कौन रहेगा आगे कौन दिग्गज किससे हारेगा और कौन नया शातिर अपना दमखम दिखाएगा इन सबके लिए आपको रखनी होगी अपनी नजर भारतीय शतरंज के इस महाकुंभ पर । खैर बात करे पहले तीन राउंड की तो उम्मीद के अनुसार भारतीय खिलाड़ियों नें दुनिया के कोने कोने से आए दिग्गजों को चौंकाना शुरू कर दिया है । अब तक टॉप सीड अजरबैजान के अकार्दी को जहां ड्रॉ तो रूस के दूसरे सीड रोजुम इवान को हार का सामना करना पड़ा है और भारत के अभिजीत नें लगातार तीसरी जीत दर्ज की है । सारे शानदार इंतज़ामों के बीच यह मैच भारतीय शतरंज इतिहास का सबसे बड़ा मैच बन चुका है पढे यह लेख । 

आईआईएफ़एल ओपन - परहम नें लहराया परचम !

10/01/2018 -

मुंबई ,भारतीय ग्रांड मास्टर टूर्नामेंट सीरीज का अंतिम मुक़ाबला ईरान के परहम मघसूदलू के पक्ष में गया और 8 अंको के साथ उन्होने आईआईएफ़एल मुंबई इंटरनेशनल के तीसरे संस्करण का खिताब अपने नाम कर लिया शीर्ष तीन मे भारतीय खिलाड़ी जगह नहीं बना सके लेकिन जूनियर वर्ग मे भारत के खिलाड़ी छाए रहे और शीर्ष 5 में से चार स्थान भारत के कब्जे में रहे । 11 वर्षीय डी गुकेश नें जूनियर वर्ग का खिताब अपने नाम किया । खैर बड़ी बात विश्व चैम्पियन विश्वनाथन आनंद का पुरुष्कार वितरण में शामिल होना रहा जैसे उनके आने से हर किसी को मन उत्साह से भर गया और मैच में जीत हार और पुरुष्कार ना मिलने का गम सब पीछे छूट गया और बस आनंद ही आनंद हो गया । 

आईआईएफ़एल ओपन -दीपन और अभिजीत की अद्भुत जीत !

04/01/2018 -

तृतीय आईआईएफ़एल मुंबई ग्रांड मास्टर शतरंज  टूर्नामेंट में आज का दिन जैसे भारत का दिन रहा जब दो ऐसे परिणाम जो भारत की नजर से बहुत महत्वपूर्ण थे और एक समय विपरीत जाते दिखाई दे रहे थे अंततः भारतीय ग्रांड मास्टर दीपन चक्रवर्ती और अभिजीत गुप्ता के अद्भुत और जुझारू खेल के दम पर भारत के पक्ष में दोनों ही जीत के आने से जहां दीपन को एकल बढ़त हासिल हो गयी तो अभिजीत के पुनः शीर्ष पर लौटने की दिशा में यह जीत जैसे संजीविनी बूटी साबित होगी । खैर छह राउंड के बाद भारत के दीपन चक्रवर्ती 6 अंक के साथ पहले , ईरान के परहम मगसूदलू नें भारत के रथनवेल को पराजित करते हुए 5.5 अंक के साथ दूसरे ,जबकि अन्य खिलाड़ियों में रूस के रोजूम इवान , भारत के पी कार्तिकेयन ,इटली के डेविड अल्बेर्टो ,मलेशिया के ली तियान 5 अंक के साथ सयुंक्त तीसरे स्थान पर चल रहे है । 

आईआईएफ़एल ओपन - टॉप सीड जरा बच के चलो !

01/01/2018 -

अखिल भारतीय शतरंज संघ और एक बाय आईआईएफ़एल आईएम संस्था के सयुंक्त आयोजन से चल रहे आईआईएफ़एल तीसरे मुंबई इंटरनेशनल ग्रांड मास्टर शतरंज टूर्नामेंट में पहले दो दिन पहले टेबल पर कोई भी बड़ा खिलाड़ी अपनी वरीयता कायम नहीं रख पाया पहले अभिजीत गुप्ता को मजबूरन ड्रॉ खेलना पड़ा तो दूसरे राउंड में अमेरिका के तिमूर गरेव को ईरान के कंदील अधम के हाथो अप्रत्याशित हार का सामना करना पड़ा । पहले दो राउंड पर खास पेयरिंग की गयी ताकि खिलाड़ियों को नार्म के बेहतर मौके मिले । खैर बात करे आयोजन की तो  प्रतियोगिता में  खिलाड़ियों के लिए विश्व स्तरीय इंतजाम किए गए है और यह पहला मौका की लगभग सभी बोर्ड का सीधा प्रसारण किया जा रहा है । पढे यह लेख । 

आनंद ही आनंद ! - रैपिड में स्वर्ण तो ब्लिट्ज़ में कांस्य

31/12/2017 -

और उन्होने एक और कारनामा कर दिखाया यह सिर्फ आनंद ही कर सकते थे और उन्होने बताया की वह खेल जिसके लिए वह बचपन से लाइटनिंग किड के नाम से जाने जाते थे वह आज भी उनकी खासियत है । 48 वर्ष की उम्र में अपनी उम्र से आधे से भी कम के खिलाड़ियों को पराजित करते हुए उन्होने विश्व रैपिड का स्वर्ण तो विश्व ब्लिट्ज़ का कांस्य पदक हासिल किया । दोनों फॉर्मेट में मिलाकर खेल गए कुल 36 मैच में से आनंद नें 15 मैच जीते .20 ड्रॉ रहे जबकि सिर्फ 1 में उन्हे हार का सामना करना पड़ा । रैपिड में उन्होने अंतिम मुक़ाबले में ग्रीसचुक तो ब्लिट्ज़ में मेक्सिम लाग्रेव को हराते हुए दिखाया की उनमे अब भी दबाव के क्षणो में बेहतर प्रदर्शन करने की क्षमता है और सच तो यह है की फिलहाल विश्व शतरंज में उनसे ज्यादा अनुभव किसी के पास है ही नहीं ! पढे यह लेख 

वियतनाम के डुक हुआ नें जीता भोपाल इंटरनेशनल

30/12/2017 -

भारतीय शीतकालीन ग्रांड मास्टर शतरंज टूर्नामेंट के पहले पड़ाव भोपाल ग्रांड मास्टर टूर्नामेंट का खिताब वियतनाम के डुक हुआ के नाम रहा उन्होने अंतिम राउंड में शुरुआत से शानदार खेल रहे रूस के रोजुम इवान को शानदार खेल में पराजित करते हुए 2 लाख की इनामी राशि और शानदार चमचमाती ट्रॉफी पर कब्जा जमाया । भारतीय खिलाड़ियों में शैलेश द्रविड़ पांचवे तो नन्हें 11 वर्षीय डी गुकेश छठे स्थान पर रहे । राहुल संगमा भी टॉप 10 में आखिरी दसवे स्थान पर रहे । मध्य प्रदेश के खेल संचालक और मध्य प्रदेश शतरंज संघ के अध्यक्ष सुनील बंसल नें खिलाड़ियों को पुरुष्कार वितरित किए । इसके अलावा अपने शानदार इंतज़ामों के कारण देश विदेश के खिलाड़ियों नें मध्य प्रदेश में हुए इस पहले ग्रांड मास्टर मैच की खूब तारीफ की । पढे यह लेख  

"आंखो में आसूं लिए तिरंगे को देखता हूँ "- आनंद

30/12/2017 -

"यह मेरा सौभाग्य है की मैंने हर बार जीतने के बाद राष्ट्रगान सुना ,यह एक लम्हा ही मुझे वापसी के लिए प्रेरित करता रहा है ,जब आंखो में आसूं लिए आप भारतीय तिरंगे को धीरे धीरे उपर जाते देखते है " विश्वनाथन आनंद ने माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की विश्व चैम्पियन बनने पर दिये बधाई संदेश पर जब ये जबाब दिये तो जैसे मुझे भी असीम गर्व की अनुभूति हुई । 48 साल की उम्र में आनंद का विश्व चैम्पियन बनने के कारनामे नें सचमुच उन्हे ही नहीं दुनिया भर को रोमांचित कर दिया , यहाँ तक की उनके कड़े प्रतिद्वंदी रहे पूर्व विश्व चैम्पियन कास्पारोव नें भी उन्हे बधाई दी तो भारत के महामहिम राष्ट्रपति से लेकर हर किसी नें उनकी इस जीत के बाद भारत और खुद को गौरान्वित महसूस किया पढे यह लेख !!

Contact Us